महादेवी वर्मा

महादेवी वर्मा छायावाद युग की सबसे महान कवयित्री थीं। ये हिन्दी की सर्वाधिक प्रतिभावान कवयित्रियों में से एक हैं। इन्होंने अपनी कविताओं से ना केवल पाठकों को ही बल्कि समीक्षकों को भी गहराई तक प्रभावित किया। आधुनिक हिन्दी की सबसे…

महादेवी वर्मा छायावाद युग की सबसे महान कवयित्री थीं। ये हिन्दी की सर्वाधिक प्रतिभावान कवयित्रियों में से एक हैं। इन्होंने अपनी कविताओं से ना केवल पाठकों को ही बल्कि समीक्षकों को भी गहराई तक प्रभावित किया। आधुनिक हिन्दी की सबसे…

रहीम हिंदी भाषा के बहुत प्रभावशाली कवि थे। ये मुसलमान होकर भी कृष्ण भक्त थे। इनका पूरा नाम अब्दुल रहीम खानखाना था। मुस्लिम धर्म के अनुयायी होते हुए भी रहीम ने अपनी काव्य रचना द्वारा हिन्दी साहित्य की जो सेवा…

सम्पूर्ण सिंह कालरा जो गुलजार नाम से प्रसिद्ध हैं, भारतीय सिनेमा जगत के सबसे प्रसिद्द कवि और गीतकार हैं। इन्होंने हिंदी और उर्दू की कविताओं का मजेदार मिश्रण पाठकों के सामने परोसा है। इसके अतिरिक्त ये एक मशहूर पटकथा लेखक,…

अबुल हसन यमीनुद्दीन अमीर खुसरो 14वीं सदी के एक प्रमुख कवि, शायर, गायक और संगीतकार थे। इन्हें खड़ी बोली के आविष्कारक का श्रेय दिया जाता है। ये पहले ऐसे मुस्लिम कवि थे, जिन्होंने हिंदी का खुलकर प्रयोग किया है। ये…

सूर्यकान्त त्रिपाठी ‘निराला’ भी हिन्दी कविता के छायावादी युग के प्रमुख स्तंभों में से एक हैं। निराला जी ऐसे कवि थे, जिन्होंने हिंदी कविताओं में मुक्त छंद के प्रकार से पाठकों को एवं अन्य कवियों को परिचित करवाया। जयशंकर प्रसाद,…

सुमित्रानंदन पंत जी हिंदी साहित्य में छायावादी युग के प्रमुख कवियों में से एक हैं। ये एक ऐसे कवि थे, जो प्रकृति से प्रेरणा लेकर उसे लोगों तक पहुंचाते थे। इनका व्यक्तित्व भी इनकी ओर आकर्षण का केंद्र बिंदु था।…

राष्ट्रकवि मैथिलीशरण गुप्त हिन्दी के प्रसिद्ध कवियों में से एक थे। ये भारत के उन महान राजनैतिक कवियों में से एक थे, जिन्होंने खड़ी बोली के सहारे पाठकों का दिल जीता। इन्हें साहित्य जगत में ‘दद्दा’ नाम से सम्बोधित किया…

रामधारी सिंह ‘दिनकर’ हिन्दी के एक प्रमुख लेखक, कवि और निबन्धकार थे। ये आधुनिक युग के वीर रस के श्रेष्ठ कवि के रूप में विख्यात हैं। दिनकर जी स्वतन्त्रता पूर्व एक विद्रोही कवि के रूप में स्थापित हुए। और स्वतन्त्रता…

कबीर दास 15वीं सदी के भारतीय रहस्यवादी कवि और महान संत थे। इनकी हिंदी रचनाओं ने भक्ति आंदोलन को गहरे स्तर तक प्रभावित किया। ये सभी धर्मों के परेय थे। अपने जीवनकाल के दौरान इन्होंने सभी धर्मों की धार्मिक प्रथाओं…